जयपुर। राजस्थान में एलपीजी गैस सिलेंडरों की किल्लत अब आम उपभोक्ताओं के लिए बड़ी परेशानी बनती जा रही है। राज्य के कई जिलों से गैस सिलेंडर की कमी की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। हाल ही में किए गए एक विशेष सर्वे में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं, जिनसे पता चलता है कि बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं को समय पर सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है। सर्वे के मुताबिक, आधे से ज्यादा उपभोक्ताओं को एक गैस सिलेंडर के लिए एक सप्ताह से भी ज्यादा का इंतजार करना पड़ रहा है। वहीं बड़ी संख्या में लोगों को गैस एजेंसियों से “स्टॉक खत्म है” या “गाड़ी नहीं आई” जैसे जवाब देकर वापस लौटा दिया जा रहा है।
एक हफ्ते से ज्यादा का इंतजार
सर्वे में शामिल करीब 45 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने बताया कि वे एक सिलेंडर के लिए एक सप्ताह से अधिक समय से इंतजार कर रहे हैं। इसके अलावा 32.5 प्रतिशत उपभोक्ता ऐसे हैं जो पिछले चार से सात दिनों से अपनी रिफिल डिलीवरी का इंतजार कर रहे हैं। लगातार बढ़ते इंतजार के कारण लोगों की दैनिक दिनचर्या प्रभावित हो रही है।
एजेंसियों के बहाने से लौट रहे ग्राहक
सर्वे में यह भी सामने आया कि 72.5 प्रतिशत उपभोक्ताओं को गैस एजेंसी पहुंचने के बाद खाली हाथ लौटना पड़ा। ग्राहकों का कहना है कि एजेंसी पर उन्हें “स्टॉक खत्म है” या “सप्लाई की गाड़ी नहीं आई” जैसे बहाने सुनने को मिलते हैं। इससे उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ती जा रही है। गैस संकट के बीच ब्लैक मार्केटिंग की शिकायतें भी सामने आई हैं। लगभग 15 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने दावा किया कि उन्हें तुरंत सिलेंडर दिलाने के लिए अतिरिक्त पैसे देने का ऑफर मिला। इनमें करीब 60 प्रतिशत मामले एजेंसी कर्मचारियों से जुड़े बताए गए, जबकि 40 प्रतिशत मामलों में डिलीवरी कर्मियों पर प्रीमियम लेकर सिलेंडर देने के आरोप लगे हैं। सवाई माधोपुर और जयपुर में ऐसे मामलों की शिकायतें सामने आई हैं।
कई जिलों में गहराया संकट
सर्वे में सबसे ज्यादा शिकायतें जयपुर, जोधपुर, अलवर और टोंक जिलों से मिली हैं। इसके अलावा श्रीगंगानगर, पाली, राजसमंद और बूंदी के उपभोक्ताओं ने भी रिफिल मिलने में परेशानी की बात कही है। कुछ जिलों में उपभोक्ताओं को ऐसे मैसेज भी मिल रहे हैं जिनमें कहा जा रहा है कि उनकी वार्षिक सिलेंडर सीमा पूरी हो चुकी है, जबकि वास्तविकता में उन्होंने तय सीमा तक सिलेंडर नहीं लिए हैं। इससे उपभोक्ताओं में भ्रम और नाराजगी दोनों बढ़ रहे हैं।
आम लोगों की बढ़ी चिंता
राजस्थान में बढ़ती गैस सिलेंडर किल्लत के कारण आम लोगों के साथ-साथ होटल, रेस्टोरेंट और हॉस्टल जैसे संस्थानों की भी चिंता बढ़ गई है। यदि जल्द ही सप्लाई व्यवस्था सामान्य नहीं हुई तो यह संकट और गंभीर रूप ले सकता है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







