हरारे स्पोर्ट्स क्लब, ज़िम्बाब्वे में खेले गए अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल मुकाबले में भारतीय युवा बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी ने ऐसा तूफानी प्रदर्शन किया, जिसने जूनियर क्रिकेट के इतिहास में हलचल मचा दी। इंग्लैंड अंडर-19 के खिलाफ फाइनल में वैभव ने महज़ 80 गेंदों में 175 रनों की यादगार पारी खेलते हुए बड़े मंच पर अपने इरादे साफ कर दिए।
टूर्नामेंट के दौरान लगातार प्रभाव छोड़ रहे 14 वर्षीय वैभव ने फाइनल में ओपनर एरॉन जॉर्ज के जल्दी आउट होने के बाद अलग ही अंदाज़ में बल्लेबाज़ी की। उन्होंने कप्तान आयुष म्हात्रे के साथ मिलकर भारत का स्कोर 20/1 से 251/3 तक महज़ 21.3 ओवर में पहुंचा दिया। इस साझेदारी ने मैच की दिशा पूरी तरह भारत के पक्ष में मोड़ दी।
रिकॉर्ड्स की बरसात
फाइनल की इस ऐतिहासिक पारी के साथ वैभव सूर्यवंशी ने कई बड़े रिकॉर्ड अपने नाम किए। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में 30 छक्के लगाए, जो किसी एक अंडर-19 वर्ल्ड कप संस्करण में सर्वाधिक हैं। इससे पहले यह रिकॉर्ड किसी बल्लेबाज़ के नाम नहीं था। फाइनल मुकाबले में वैभव ने सिर्फ 55 गेंदों में शतक पूरा किया, जो अंडर-19 वर्ल्ड कप इतिहास का दूसरा सबसे तेज़ शतक है। उनकी इस पारी ने भारतीय पारी को तेज़ी से आगे बढ़ाया और इंग्लैंड के गेंदबाज़ों को पूरी तरह बैकफुट पर ला दिया।
फाइनल में सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर
वैभव की नाबाद 175 रन की पारी अब अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में किसी भी बल्लेबाज़ द्वारा बनाया गया सर्वाधिक व्यक्तिगत स्कोर बन चुकी है। उन्होंने इस मामले में उन दिग्गज भारतीय बल्लेबाज़ों को भी पीछे छोड़ दिया, जिन्होंने पहले फाइनल में शतक लगाए थे।
छक्कों का नया विश्व रिकॉर्ड
फाइनल में वैभव ने 15 छक्के लगाए, जो किसी भी यूथ वनडे पारी में सबसे ज़्यादा हैं। इससे पहले यह रिकॉर्ड भी उनके ही नाम था, लेकिन इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने खुद का रिकॉर्ड और बेहतर कर दिया।
यूथ वनडे में तेज़ रफ्तार का बादशाह
वैभव सूर्यवंशी अब यूथ वनडे क्रिकेट में सबसे तेज़ शतक लगाने वाले खिलाड़ियों की सूची में टॉप-5 में से तीन स्थान अपने नाम कर चुके हैं। उनकी बल्लेबाज़ी की रफ्तार और निरंतरता उन्हें इस स्तर पर सबसे ख़ास बनाती है।
भारत के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि
इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में बनाए गए 175 रन अब भारत की ओर से यूथ वनडे क्रिकेट का दूसरा सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर हैं। इसके अलावा यह अंडर-19 वर्ल्ड कप इतिहास में किसी भी भारतीय बल्लेबाज़ का सबसे बड़ा स्कोर भी बन गया है।
तेज़ 150 का रिकॉर्ड
फाइनल में वैभव ने सिर्फ 71 गेंदों में 150 रन पूरे कर लिए, जो यूथ वनडे इतिहास का सबसे तेज़ 150 है। इससे पहले यह रिकॉर्ड 98 गेंदों का था, जिसे उन्होंने पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। वैभव सूर्यवंशी की इस विस्फोटक पारी के दम पर भारत ने 26 ओवर में ही 253 रन बना लिए थे और आगे भी बड़े हिटर मौजूद थे। इस शानदार प्रदर्शन ने भारत को मज़बूत स्थिति में पहुंचा दिया और टीम को खिताब की ओर बढ़त दिला दी। हरारे में खेली गई यह पारी सिर्फ एक मैच जिताने वाली नहीं थी, बल्कि भारतीय क्रिकेट के भविष्य की झलक भी थी, जिसमें वैभव सूर्यवंशी का नाम अब पूरे क्रिकेट जगत में गूंज रहा है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।








