राजस्थान ने रचा सौर इतिहास: जयपुर के ताला में लगा पीएम-कुसुम योजना का सबसे बड़ा प्लांट, 437 किसानों को दिन में मिलेगी बिजली

: राजस्थान में अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में आज एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की गई है। प्रधानमंत्री कुसुम योजना (PM-KUSUM) के तहत प्रदेश का अब तक का सबसे अधिक क्षमता वाला सौर ऊर्जा संयंत्र जयपुर जिले के कुंडा की ढाणी (ताला) में सफलतापूर्वक शुरू कर दिया गया है। जयपुर डिस्कॉम (उत्तर) के अंतर्गत स्थापित यह प्लांट न केवल हरित ऊर्जा को बढ़ावा देगा, बल्कि क्षेत्र के किसानों की बिजली की समस्या का भी स्थायी समाधान करेगा।

प्लांट की खासियतें और क्षमता

जयपुर के ताला क्षेत्र के डेकला गांव में स्थापित यह सौर ऊर्जा संयंत्र अपनी आधुनिक तकनीक और विशाल क्षमता के लिए चर्चा में है: क्षमता: यह संयंत्र 4.9 मेगावाट (MW) क्षमता का है, जो पीएम-कुसुम के कंपोनेंट-सी के तहत अब तक का राज्य का सबसे बड़ा प्लांट है। क्षेत्रफल: इस विशाल संयंत्र को लगभग 24 बीघा भूमि पर स्थापित किया गया है। उत्पादन: अनुमान है कि इस प्लांट से प्रतिदिन औसतन 25,000 यूनिट बिजली का उत्पादन होगा। कनेक्टिविटी: इसे ताला स्थित 33 केवी (KV) सब-स्टेशन से सीधे जोड़ा गया है।

किसानों के लिए वरदान: दिन में सिंचाई का सपना सच

इस प्रोजेक्ट का सबसे बड़ा लाभ क्षेत्र के कृषि उपभोक्ताओं को मिलेगा।

  1. 437 किसान लाभान्वित: इस संयंत्र से कुंडा की ढाणी के करीब 437 किसानों को सीधे तौर पर बिजली आपूर्ति की जाएगी।

  2. दिन में बिजली: अब तक किसानों को सिंचाई के लिए अक्सर रात के समय खेतों में जाना पड़ता था, लेकिन इस फीडर-लेवल सोलराइजेशन के बाद अब किसानों को दिन के समय भरपूर बिजली मिल सकेगी।

  3. लागत में कमी: सौर ऊर्जा के उपयोग से कृषि सिंचाई की लागत कम होगी और पारंपरिक ग्रिड पर निर्भरता भी घटेगी।

राजस्थान बना सौर ऊर्जा का सिरमौर

राजस्थान ने पीएम-कुसुम योजना के कार्यान्वयन में देश के अन्य राज्यों को पीछे छोड़ दिया है।

  • राज्यव्यापी उपलब्धि: प्रदेश में अब तक इस योजना के कंपोनेंट-ए और सी के तहत कुल 1,819 सौर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं, जिनकी संचयी क्षमता 4,027 मेगावाट तक पहुंच गई है।

  • पिछला रिकॉर्ड: इससे पहले अजमेर डिस्कॉम के अंतर्गत 4.84 मेगावाट का प्लांट सबसे बड़ा था, जिसे अब जयपुर के इस ताला प्लांट ने पीछे छोड़ दिया है।

manoj Gurjar
Author: manoj Gurjar

मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।

Leave a Comment