एडिलेड। भारतीय क्रिकेट टीम को एडिलेड के ऐतिहासिक मैदान पर एक बार फिर मिट्टी चटानी पड़ी। ऑस्ट्रेलिया ने दूसरे वनडे में 265 रन के लक्ष्य को 8 विकेट के नुकसान पर 46.2 ओवर में हासिल कर लिया और तीन मैचों की सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली। यह जीत इसलिए और भी चुभने वाली है क्योंकि भारत ने मैच के एक बड़े हिस्से में अपनी पकड़ मजबूत बना रखी थी, लेकिन मध्यक्रम में गेंदबाजों की लचर प्रदर्शन ने जीत को हार में बदल दिया।
भारत का अधूरा स्कोर और ऑस्ट्रेलिया का शानदार रन-चेज
टॉस हारने के बाद बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 50 ओवर में 9 विकेट पर 264 रन बनाए। कप्तान रोहित शर्मा (73) और श्रेयस अय्यर (61) ने तीसरे विकेट के लिए 118 रन की शानदार साझेदारी की, जिससे टीम को मजबूत आधार मिला। अक्षर पटेल (44) और हर्षित राणा (18*) ने अंत में कुछ रन जोड़े, लेकिन टीम एक बड़े और मैच-विजेता स्कोर तक नहीं पहुंच सकी।
जवाब में ऑस्ट्रेलिया ने शानदार शुरुआत नहीं की और मिचेल मार्श (11) और ट्रेविस हेड जल्दी पवेलियन लौट गए। 27 ओवर तक भारत मैच पर काबिज नजर आ रहा था, क्योंकि ऑस्ट्रेलिया 4 विकेट के नुकसान पर सिर्फ 132 रन पर था।
मध्यक्रम में भारत की पकड़ ढीली पड़ी
लेकिन यहीं से मैच का पासा पलट गया। मैथ्यू शॉर्ट (74) और मिचेल ओवन (36) ने पांचवें विकेट के लिए जबरदस्त साझेदारी करके भारतीय गेंदबाजों की कमर तोड़ दी। इस जोड़ी ने ताबड़तोड़ रन बनाकर दबाव वापस भारत पर डाल दिया। भारतीय गेंदबाज, खासकर मोहम्मद सिराज, इस दबाव में टिक नहीं सके और गेंदों पर लगातार रन देते रहे।
कूपर कनोली ने पूरा किया काम
शॉर्ट और ओवन के आउट होने के बाद भी भारत के पास मैच जीतने का मौका था, लेकिन कूपर कनोली ने शांतचित्त होकर शेष रन पूरे करवा दिए और ऑस्ट्रेलिया को जीत दिला दी। भारतीय गेंदबाजी अंतिम ओवरों में विस्फोटक नहीं रही और उन्होंने महत्वपूर्ण विकेट लेने में नाकामयाब रहे।
निचोड़: चिंता के संकेत
यह हार भारत के लिए कई सवाल खड़े करती है। टीम एक अच्छी शुरुआत के बावजूद मैच को आखिरी ओवरों तक नहीं खींच पाई। गेंदबाजों का मध्य ओवरों में प्रदर्शन, विशेष रूप से पावरप्ले के बाद, चिंता का एक बड़ा विषय बना हुआ है। वनडे सीरीज हारने के बाद अब टीम इंडिया के पास आखिरी मैच में अपनी प्रतिष्ठा बचाने का मौका बचा है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







