मुंबई/लातूर: महाराष्ट्र के मराठवाड़ा में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। दर्जनों गांव जलमग्न हैं, फसलों को भारी नुकसान हुआ है और कई लोगों की मौत की भी खबर है। इस आपदा से प्रभावित परिवारों की स्थिति गंभीर बनी हुई है।
राहुल गांधी ने जताई संवेदना
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने इस स्थिति पर गहरी चिंता जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा— “मराठवाड़ा में भारी बारिश से जनहानि और फसलों की तबाही बेहद दुखद है। मेरी संवेदनाएं प्रभावित परिवारों के साथ हैं। सरकार और प्रशासन राहत कार्यों में तेजी लाए और किसानों को पूरी मदद मिले।” राहुल गांधी ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं से भी अपील की कि वे प्रशासन का सहयोग करें और जरूरतमंदों की हरसंभव मदद करें।
फडणवीस ने किसानों को दिलाया भरोसा
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने लातूर जिले का दौरा कर किसानों से सीधी बातचीत की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार राहत कार्यों में तेजी लाएगी और मुआवजे के मानदंडों में ढील दी जाएगी। उन्होंने बताया कि कैबिनेट पहले ही ₹2,200 करोड़ से अधिक का राहत पैकेज मंजूर कर चुकी है और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त मदद दी जाएगी।
उपमुख्यमंत्रियों का दौरा
उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने धाराशिव जिले के बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया। उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने करमाला, रायमोहा और येवलवाड़ी में बह चुके पुल और नष्ट हुई फसलों का जायजा लिया। उन्होंने किसानों से कहा कि सरकार गांव-गांव जाकर नुकसान का सर्वे करेगी और तत्काल आर्थिक सहायता सुनिश्चित करेगी। अजित पवार ने बीड जिले के खोकरमोहा गांव में ग्रामीणों से मिलकर भरोसा दिलाया कि सरकार इस कठिन समय में किसानों के साथ है।
सुप्रिया सुले ने की केंद्र से मदद की मांग
इस बीच, एनसीपी (शरद पवार गुट) की सांसद सुप्रिया सुले ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से मुलाकात कर महाराष्ट्र के लिए विशेष राहत पैकेज की मांग की। उन्होंने कहा कि किसानों को हुए बड़े नुकसान की भरपाई के लिए केंद्र को आगे आना चाहिए।
लाखों हेक्टेयर फसलें बर्बाद
मराठवाड़ा और आसपास के क्षेत्रों में लगातार तीन दिनों से जारी बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। खेत पानी में डूब चुके हैं, लाखों हेक्टेयर फसलें बर्बाद हो चुकी हैं। प्रशासन ने नुकसान का सर्वे शुरू कर दिया है और आश्वासन दिया है कि प्रभावित किसानों को जल्द से जल्द मुआवजा दिया जाएगा। मराठवाड़ा की यह प्राकृतिक आपदा केवल फसलों और संपत्ति का नुकसान नहीं, बल्कि लाखों किसानों के जीवन और भविष्य पर गहरा असर डालने वाली साबित हो रही है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







