राजस्थान में NEET-2026 पेपर लीक मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। अब इस मामले की आंच सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज तक पहुंच गई है। पेपर लीक कांड में गिरफ्तार आरोपी भाइयों दिनेश बिंवाल और मांगीलाल बिंवाल के बाद अब विकास बिंवाल जांच एजेंसी CBI के रडार पर आ गया है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि मांगीलाल बिंवाल का बेटा विकास 11 मई से रहस्यमय तरीके से गायब बताया जा रहा है। उसकी अचानक अनुपस्थिति ने जांच एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।
मेडिकल कॉलेज से बिना सूचना गायब हुआ विकास
जानकारी के अनुसार विकास बिंवाल सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज में MBBS प्रथम वर्ष का छात्र है। CBI अब उसके संपर्कों और पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। वहीं मांगीलाल बिंवाल की बेटी प्रगति बिंवाल, जो दौसा मेडिकल कॉलेज में MBBS की पढ़ाई कर रही है, वह भी पिछले कई दिनों से कॉलेज नहीं पहुंच रही है। सूत्रों के मुताबिक विकास 11 मई से बिना किसी सूचना के कॉलेज से गायब है। उसका मोबाइल भी बंद बताया जा रहा है। जांच एजेंसियां अब उसके ठिकानों और गतिविधियों की जानकारी जुटाने में लगी हुई हैं।
कमजोर रिकॉर्ड के बावजूद NEET में शानदार प्रदर्शन
जांच में सामने आया है कि विकास बिंवाल का शैक्षणिक रिकॉर्ड पहले कभी खास नहीं रहा। उसने 10वीं में 63 प्रतिशत और 12वीं में केवल 55 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। इतना ही नहीं, NEET-2024 में वह सिर्फ 270 अंक ही ला पाया था। कोचिंग संस्थानों के टेस्ट रिकॉर्ड में भी उसका प्रदर्शन औसत से कमजोर रहा। लेकिन अचानक NEET-2025 में उसने 85 प्रतिशत से अधिक अंक हासिल कर सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज में प्रवेश पा लिया। इसी वजह से अब उसके चयन को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
चार महीने तक कॉलेज अटेंडेंस रही शून्य
CBI जांच में यह भी सामने आया है कि जनवरी से अप्रैल तक विकास की कॉलेज अटेंडेंस लगभग शून्य रही। कई टेस्ट में वह अनुपस्थित रहा या बेहद कम अंक प्राप्त कर पाया। इसके बावजूद NEET-2025 में उसके प्रदर्शन में अचानक आई बड़ी छलांग ने जांच एजेंसियों को सतर्क कर दिया है। बताया जा रहा है कि यही पैटर्न परिवार के अन्य सदस्यों में भी देखने को मिला। अब एजेंसियां उनके परीक्षा रिकॉर्ड, कोचिंग टेस्ट, सोशल मीडिया पोस्ट और प्रचार सामग्री तक की जांच कर रही हैं।
एक ही परिवार के कई सदस्य बने डॉक्टर
जांच में सामने आया है कि दिनेश, मांगीलाल और उनके भाई घनश्याम बिंवाल के परिवार से सात सदस्य NEET परीक्षा में शामिल हुए थे, जिनमें से पांच का चयन सरकारी मेडिकल कॉलेजों में हुआ। परिवार की सदस्य सानिया जयपुर के Sawai Man Singh Medical College में MBBS प्रथम वर्ष की छात्रा है, जबकि पलक महाराष्ट्र के मुंबई स्थित मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई कर रही है। वहीं विकास सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज और प्रगति दौसा मेडिकल College में अध्ययनरत हैं। दिनेश बिंवाल की बेटी गुंजन भी बनारस से मेडिकल शिक्षा प्राप्त कर रही है। सूत्रों के अनुसार दौसा मेडिकल कॉलेज में पढ़ रही प्रगति बिंवाल ने पेपर लीक मामला सामने आने के बाद अवकाश आवेदन दिया और कॉलेज छोड़ दिया। उसकी अनुपस्थिति को लेकर भी चर्चा तेज हो गई है।
NEET परीक्षा की पारदर्शिता पर उठे सवाल
एक ही परिवार के कई औसत प्रदर्शन वाले छात्रों का अचानक मेडिकल कॉलेजों में चयन होने के बाद अब NEET-2025 और NEET-2026 परीक्षा की पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। CBI अब पूरे नेटवर्क, संभावित फर्जीवाड़े और पेपर लीक से जुड़े सभी पहलुओं की जांच में जुटी हुई है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







