कुचामन सिटी: राजस्थान में पंचायत चुनाव के बीच डीडवाना-कुचामन जिले से दुखद खबर सामने आई है। नावां पंचायत समिति के वार्ड 19 महाराजपुरा से चुनाव लड़ रहे भाजपा प्रत्याशी हीराराम बाज्या की शनिवार सुबह मौत हो गई। बताया जा रहा है कि वह खेत में काम कर रहे थे, इसी दौरान उनकी अचानक मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। उनके समर्थकों, परिचितों और स्थानीय लोगों में दुख का माहौल है।
खेत में काम करते समय हुई भाजपा प्रत्याशी की मौत
जानकारी के अनुसार, हीराराम बाज्या नावां पंचायत समिति के वार्ड 19 महाराजपुरा से भाजपा के प्रत्याशी थे। शनिवार सुबह खेत में काम करने के दौरान उनकी मौत हो गई। हालांकि, उनकी मौत के सटीक कारणों को लेकर विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई है। चुनाव के बीच प्रत्याशी के निधन की खबर से स्थानीय राजनीतिक हलकों में भी शोक का माहौल है। समर्थकों और परिचितों ने उनके निधन पर दुख जताया है।
अब कांग्रेस और आरएलपी प्रत्याशियों के बीच मुकाबला
नावां पंचायत समिति के वार्ड 19 से पहले तीन प्रत्याशी चुनाव मैदान में थे। इनमें भाजपा के हीराराम बाज्या, कांग्रेस की कनुप्रिया और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के चैनाराम शामिल थे। भाजपा प्रत्याशी की मौत के बाद अब इस वार्ड के चुनावी समीकरण बदल गए हैं। कांग्रेस और आरएलपी के प्रत्याशियों के बीच मुकाबला रह गया है। हालांकि, निर्वाचन प्रक्रिया को लेकर अंतिम स्थिति संबंधित चुनाव अधिकारियों की ओर से स्पष्ट की जाएगी।
नावां पंचायत समिति में 3 नवंबर को होगा मतदान
डीडवाना-कुचामन जिले की नावां पंचायत समिति में तीसरे चरण के तहत चुनाव प्रस्तावित हैं। यहां पंचायत समिति के 21 वार्डों के लिए 120 प्रत्याशियों ने कुल 132 नामांकन पत्र दाखिल किए थे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, नामांकन पत्रों की संवीक्षा के बाद 25 और 26 अक्टूबर को नाम वापस लेने का अवसर रहेगा। 26 अक्टूबर को दोपहर 3 बजे चुनाव चिह्न आवंटित किए जाएंगे। इसके बाद 3 नवंबर को मतदान होगा।
प्रत्याशी की मौत से क्या चुनाव पर पड़ेगा असर?
भाजपा प्रत्याशी हीराराम बाज्या की मौत के बाद वार्ड 19 की निर्वाचन प्रक्रिया को लेकर सवाल उठ रहे हैं। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, इस वार्ड में कांग्रेस और आरएलपी के प्रत्याशी भी चुनाव मैदान में हैं। हालांकि, प्रत्याशी की मृत्यु के बाद चुनाव जारी रखने या अन्य प्रक्रिया के संबंध में अंतिम निर्णय निर्वाचन नियमों और सक्षम अधिकारी के आदेश पर निर्भर करेगा। ऐसे मामलों में चुनाव की स्थिति केवल प्रत्याशी की मृत्यु के आधार पर सामान्य रूप से तय नहीं की जा सकती। संबंधित निर्वाचन अधिकारी ही लागू नियमों के अनुसार आगे की प्रक्रिया स्पष्ट करेंगे।
बाड़मेर में भी कांग्रेस प्रत्याशी की मौत से मचा था हड़कंप
राजस्थान में पंचायत चुनाव के दौरान प्रत्याशी की मौत का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले बाड़मेर जिले की मांगता पंचायत समिति के वार्ड 8 से कांग्रेस प्रत्याशी मोहनलाल का शव 21 अक्टूबर को खेत में मिला था। यह घटना मतदान से ठीक पहले सामने आई थी, जिसके बाद इलाके में सनसनी फैल गई थी। परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया था। फिलहाल नावां पंचायत समिति के भाजपा प्रत्याशी हीराराम बाज्या के निधन से क्षेत्र में शोक का माहौल है। वहीं, वार्ड 19 में चुनाव की आगे की प्रक्रिया को लेकर अब निर्वाचन अधिकारियों के फैसले पर नजर रहेगी।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







