बारां/जयपुर: राजस्थान शिक्षा विभाग ने भ्रष्टाचार और लापरवाही के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। बारां जिले में एक ऐसा मामला सामने आया है जहाँ एक शिक्षक दंपति ने करीब ढाई दशकों तक बिना स्कूल जाए न केवल सरकारी वेतन उठाया, बल्कि बच्चों के मिड-डे मील के बजट में भी सेंध लगाई। शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के निर्देश पर विभाग ने अब इस ‘शातिर’ दंपति से ब्याज सहित 9 करोड़ 20 लाख रुपए की रिकवरी का आदेश जारी किया है।
डमी शिक्षक के भरोसे चल रहा था स्कूल
मामला बारां जिले के राजपुरा गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय का है। यहाँ नियुक्त शिक्षक विष्णु गर्ग और उनकी पत्नी मंजू गर्ग वर्षों से स्कूल नहीं आ रहे थे। जांच में खुलासा हुआ कि दोनों ने अपनी जगह पढ़ाने के लिए कुछ पैसों पर ‘डमी शिक्षक’ लगा रखे थे। वे खुद घर बैठे फर्जी हस्ताक्षर के जरिए पूरी सैलरी सरकार से ऐंठ रहे थे। विद्यालय में नियुक्त तीसरी शिक्षिका मौसमी मीणा की मौजूदगी के बावजूद यह खेल लंबे समय तक चलता रहा।
₹2.20 करोड़ वेतन डकारने का खुलासा
विष्णु गर्ग की नियुक्ति 1997-98 में और मंजू गर्ग की 1999 में हुई थी। 21 दिसंबर 2023 को पुलिस में शिकायत दर्ज होने के बाद जब गहन जांच शुरू हुई, तो चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए:
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कुल वेतन: नियुक्ति से अब तक दोनों करीब 2.20 करोड़ रुपए का वेतन उठा चुके थे।
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मिड-डे मील घोटाला: वेतन के अलावा दोनों ने बच्चों के पोषण (मिड-डे मील) और अन्य विद्यालय विकास बजट में भी भारी फर्जीवाड़ा किया।
शिक्षा मंत्री का कड़ा रुख: ‘बख्शा नहीं जाएगा’
शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने इस मामले पर सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि सरकारी खजाने और बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों के लिए विभाग में कोई जगह नहीं है। “जांच के बाद अब ब्याज सहित 9.20 करोड़ रुपए की रिकवरी के आदेश दिए गए हैं। ऐसे भ्रष्ट कार्मिकों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी ताकि भविष्य में कोई ऐसा दुस्साहस न करे।”
विभाग की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति
राजस्थान पुलिस और शिक्षा विभाग अब उन अधिकारियों की भी भूमिका की जांच कर रहा है, जिनकी नाक के नीचे सालों तक यह फर्जीवाड़ा चलता रहा। माना जा रहा है कि इस रिकवरी आदेश के बाद प्रदेश के अन्य ‘लापता’ शिक्षकों में हड़कंप मच गया है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







