राजस्थान: बिना e-KYC अब नहीं मिलेगा गैस सिलेंडर, मंत्री सुमित गोदारा ने दिए सख्त निर्देश

जयपुर: राजस्थान में एलपीजी गैस वितरण प्रणाली को पारदर्शी बनाने और धांधली रोकने के लिए भजनलाल सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अब बिना ई-केवाईसी (e-KYC) के किसी भी उपभोक्ता को गैस सिलेंडर की डिलीवरी नहीं की जाएगी। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सब्सिडी और गैस आपूर्ति का लाभ केवल वास्तविक और पात्र उपभोक्ताओं तक ही पहुँचे।

समीक्षा बैठक में लिए गए अहम फैसले

मंगलवार को मंत्रालय भवन में आयोजित एक उच्च स्तरीय बैठक में मंत्री गोदारा ने घरेलू और वाणिज्यिक गैस सिलेंडरों की आपूर्ति की समीक्षा की। बैठक में सामने आए मुख्य बिंदु निम्नलिखित हैं:

  • सप्लाई चैन में सुधार: वर्तमान में राज्य में घरेलू सिलेंडरों की आपूर्ति सुचारु है और औसतन 4.5 दिन के भीतर उपभोक्ताओं को डिलीवरी मिल रही है।

  • अपात्रों पर लगाम: ई-केवाईसी अनिवार्य होने से उन कनेक्शनों की पहचान हो सकेगी जो गलत तरीके से संचालित हो रहे हैं।

शादी-समारोह के लिए गैस की विशेष व्यवस्था

आमजन को राहत देते हुए सरकार ने विवाह समारोहों के लिए वाणिज्यिक (Commercial) सिलेंडरों की उपलब्धता के नियम तय किए हैं:

  • ग्रामीण क्षेत्र: शादी के लिए 19 किलोग्राम के 2 कमर्शियल सिलेंडर मिल सकेंगे।

  • शहरी क्षेत्र: समारोह के लिए 3 कमर्शियल सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएंगे।

  • प्रक्रिया: आवेदक को अपने जिले के जिला रसद अधिकारी (DSO) को विवाह का कार्ड संलग्न कर आवेदन करना होगा। मंजूरी के बाद संबंधित गैस एजेंसी द्वारा सिलेंडर उपलब्ध कराए जाएंगे।

नवगठित नगरपालिकाओं के लिए नया वर्गीकरण

मंत्री गोदारा ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य की नवगठित नगरपालिकाओं को अब ‘ग्रामीण’ श्रेणी में नहीं गिना जाएगा। “शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में गैस बुकिंग के अंतराल (Refill Gap) अलग-अलग होते हैं। स्पष्ट वर्गीकरण होने से इन नए शहरी क्षेत्रों के उपभोक्ताओं को बुकिंग में आने वाली तकनीकी परेशानियों से राहत मिलेगी।” – सुमित गोदारा, खाद्य मंत्री

PNG नेटवर्क का होगा विस्तार

बैठक में शासन सचिव अम्बरीष कुमार ने बताया कि प्रदेश में पाइपलाइन के जरिए रसोई गैस (PNG) पहुँचाने के नेटवर्क पर तेजी से काम चल रहा है। इससे आने वाले समय में शहरी उपभोक्ताओं को सिलेंडर की बुकिंग और डिलीवरी के झंझट से मुक्ति मिलेगी और स्वच्छ ईंधन की उपलब्धता बढ़ेगी। सरकार के इन कड़े निर्देशों और नई व्यवस्थाओं से जहाँ गैस की कालाबाजारी पर रोक लगेगी, वहीं शादी-ब्याह जैसे आयोजनों में सिलेंडरों की किल्लत भी दूर होगी। उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि वे जल्द से जल्द अपनी गैस एजेंसी पर जाकर e-KYC की प्रक्रिया पूरी कर लें ताकि उनकी सप्लाई बाधित न हो।

manoj Gurjar
Author: manoj Gurjar

मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।

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