कुलदीप धनकड़ और इंद्राज गुर्जर आमने-सामने, तीखी बहस के बाद पूर्व विधायक धरने पर

Paota Nagar Palika Election 2026: राजस्थान के जयपुर ग्रामीण क्षेत्र में पावटा-प्रागपुरा नगर निकाय चुनाव के दौरान सोमवार को राजनीतिक माहौल गरमा गया। पावटा नगर पालिका अध्यक्ष पद के चुनाव के बीच विराटनगर के भाजपा विधायक कुलदीप धनकड़ और कांग्रेस के पूर्व विधायक इंद्राज सिंह गुर्जर आमने-सामने आ गए। दोनों नेताओं के बीच तीखी बहस का वीडियो सोशल मीडिया पर चर्चा में है। पुलिस और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद स्थिति को संभाला गया।

मतदान प्रक्रिया को लेकर हुई तीखी बहस

पावटा नगर पालिका अध्यक्ष पद के चुनाव के दौरान दोनों दलों के समर्थक बड़ी संख्या में मौके पर मौजूद थे। इसी दौरान भाजपा विधायक कुलदीप धनकड़ और पूर्व विधायक इंद्राज गुर्जर के बीच मतदान प्रक्रिया को लेकर कहासुनी हो गई। सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में दोनों नेताओं के बीच तीखी बातचीत सुनाई देती है। रिपोर्ट के अनुसार, धनकड़ ने इंद्राज गुर्जर को पूर्व विधायक बताते हुए टिप्पणी की, जिस पर गुर्जर ने भी जवाब दिया। बातचीत बढ़ने के बाद मौके पर मौजूद पुलिस और सुरक्षाकर्मियों ने दोनों नेताओं को अलग किया।

समर्थकों के बीच भी बढ़ा तनाव

दोनों नेताओं के बीच विवाद के बाद मौके पर मौजूद समर्थकों के बीच भी तनाव की स्थिति बन गई। नारेबाजी और धक्का-मुक्की की स्थिति को देखते हुए पुलिस ने हस्तक्षेप किया। प्रशासन की ओर से मतदान केंद्र के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई। रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस बल ने दोनों पक्षों के समर्थकों को अलग किया, जिसके बाद मतदान प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया।

इंद्राज गुर्जर धरने पर बैठे

विवाद के बाद कांग्रेस के पूर्व विधायक इंद्राज सिंह गुर्जर अपने समर्थकों के साथ तहसील और नगरपालिका कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। गुर्जर ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर प्रशासन पर सवाल उठाए और आरोप लगाया कि पुलिस तथा प्रशासन सत्ताधारी दल के दबाव में काम कर रहे हैं। उन्होंने निर्दलीय और विपक्षी पार्षदों पर दबाव बनाए जाने तथा मतदान प्रक्रिया में पारदर्शिता नहीं होने का आरोप लगाया। ये आरोप इंद्राज गुर्जर की ओर से लगाए गए हैं; इनकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।

पावटा में 45 पार्षद तय करेंगे अध्यक्ष

पावटा नगर पालिका में कुल 45 वार्ड हैं और अध्यक्ष पद के लिए बहुमत का आंकड़ा 23 है। उपलब्ध चुनावी आंकड़ों के अनुसार कांग्रेस के 22, भाजपा के 16 और 7 निर्दलीय पार्षद हैं। ऐसे में अध्यक्ष पद के चुनाव में निर्दलीय पार्षदों की भूमिका महत्वपूर्ण हो गई है। इसी वजह से दोनों प्रमुख दलों के बीच अध्यक्ष पद को लेकर मुकाबला महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अध्यक्ष का चुनाव सीधे जनता द्वारा नहीं, बल्कि निर्वाचित पार्षदों के मतदान से होता है।

2023 में धनकड़ ने गुर्जर को हराया था

विराटनगर विधानसभा क्षेत्र में कुलदीप धनकड़ और इंद्राज सिंह गुर्जर के बीच राजनीतिक मुकाबला पहले भी देखने को मिल चुका है। उपलब्ध विधानसभा चुनाव रिकॉर्ड के अनुसार 2023 के चुनाव में भाजपा के कुलदीप धनकड़ ने कांग्रेस के इंद्राज सिंह गुर्जर को हराया था। पावटा नगर पालिका चुनाव में दोनों नेताओं का आमना-सामना होने के कारण स्थानीय स्तर पर भी इस घटनाक्रम ने राजनीतिक चर्चा बढ़ा दी है।

अध्यक्ष पद के चुनाव पर टिकी नजर

पावटा-प्रागपुरा नगर निकाय चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए 21 सितंबर को पार्षदों के बीच मतदान निर्धारित था और मतदान के बाद मतगणना की प्रक्रिया शुरू होनी थी। अब सभी की नजर अध्यक्ष पद के अंतिम नतीजे पर है। साथ ही, मतदान प्रक्रिया को लेकर लगाए गए आरोपों पर प्रशासन की ओर से क्या कार्रवाई या स्पष्टीकरण सामने आता है, इस पर भी नजर बनी हुई है।

manoj Gurjar
Author: manoj Gurjar

मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।

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