नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच जारी टी20 सीरीज में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी अब तक अपनी प्रतिभा के अनुरूप बड़ी पारी नहीं खेल पाए हैं। लगातार दो मुकाबलों में शुरुआत मिलने के बावजूद वह उसे बड़े स्कोर में नहीं बदल सके। इसी बीच इंग्लैंड के अनुभवी स्पिनर आदिल रशीद ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि उनकी टीम ने वैभव सूर्यवंशी की कमजोरी पहचान ली है और उसी रणनीति पर काम कर रही है। हालांकि इंग्लैंड के पूर्व ऑलराउंडर मोईन अली का मानना है कि शुरुआती असफलताओं के बावजूद वैभव में लंबी रेस का खिलाड़ी बनने की क्षमता है।
दो मैचों में नहीं चला वैभव का बल्ला
सीरीज के पिछले मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 5 गेंदों में 13 रन बनाए। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 260 का रहा, लेकिन वह अपनी तेज शुरुआत को बड़ी पारी में नहीं बदल सके। इंग्लैंड के तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर ने उन्हें शॉर्ट गेंद पर फंसाया, जहां विकेटकीपर जोस बटलर ने आसान कैच लपक लिया। सीरीज के शुरुआती दो मैचों में बड़ी पारी नहीं खेलने के बाद अब इंग्लैंड की टीम उनके खिलाफ अपनी रणनीति को लेकर खुलकर बात कर रही है।
मोईन अली ने किया वैभव का समर्थन
‘बेयर बिफोर विकेट‘ पॉडकास्ट में बातचीत के दौरान मोईन अली ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी ने अपने शुरुआती मैचों में जिस आत्मविश्वास और आक्रामक अंदाज से बल्लेबाजी की, उसने सभी को प्रभावित किया है। उन्होंने कहा कि अगर अगले कुछ मुकाबलों में भी वह रन नहीं बना पाए तो निश्चित रूप से उनके लिए चुनौती बढ़ सकती है। हालांकि, मोईन ने यह भी कहा कि जिस तरह से वैभव आउट हो रहे हैं, उसे वह उनकी तकनीकी कमजोरी नहीं मानते। उन्होंने कहा कि उन्होंने वैभव को ऐसी ही गेंदों पर बड़े-बड़े छक्के लगाते हुए देखा है। उनके मुताबिक फिलहाल चिंता की बात वैभव नहीं, बल्कि मिडिल ऑर्डर के अन्य बल्लेबाज हैं।
‘हमने उनकी कमजोरी देख ली है’ : आदिल रशीद
इसी पॉडकास्ट में मौजूद इंग्लैंड के लेग स्पिनर आदिल रशीद ने कहा कि भारतीय टीम मैनेजमेंट ने वैभव को खुलकर खेलने की आजादी दी है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अलग-अलग परिस्थितियों में खुद को साबित करना आसान नहीं होता। रशीद ने कहा कि वैभव ने अभी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ज्यादा समय नहीं बिताया है। आईपीएल में उनके खेल को काफी करीब से देखा गया है और इंग्लैंड की गेंदबाजी इकाई ने यह समझने की कोशिश की है कि उन्हें किन परिस्थितियों में परेशानी होती है। उन्होंने कहा, “हमने देखा है कि उन्हें कहां दिक्कत होती है और एक गेंदबाजी यूनिट के तौर पर हम उसी योजना को मैदान पर लागू करने की कोशिश कर रहे हैं।”
अगले मैच में होगी असली परीक्षा
सीरीज में बने रहने के लिए भारतीय टीम को आगामी मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन की जरूरत होगी। ऐसे में सभी की निगाहें एक बार फिर वैभव सूर्यवंशी पर रहेंगी। यदि युवा बल्लेबाज इस बार बड़ी पारी खेलने में सफल रहते हैं तो वह इंग्लैंड की रणनीति का जवाब भी दे सकेंगे और टीम इंडिया को मजबूत शुरुआत भी दिला सकते हैं।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।






