गुजरात के राजकोट में पुलिस ने एक ऐसे विशालकाय साइबर फ्रॉड नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है, जिसके तार बैंकिंग सिस्टम के भीतर तक जुड़े हुए थे। इस घोटाले में लगभग ₹2500 करोड़ के अवैध लेन-देन का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इस संगठित अपराध को अंजाम देने में निजी बैंकों के बड़े अधिकारी ही स्कैमर्स के मददगार बने हुए थे।
बैंकिंग सिस्टम के ‘भीतरघात’ का पर्दाफाश
राजकोट के पुलिस अधीक्षक विजय गुर्जर ने बताया कि इस मामले में पुलिस ने तीन प्रमुख बैंक अधिकारियों को गिरफ्तार किया है। इन पर आरोप है कि इन्होंने कमीशन के लालच में नियमों को ताक पर रखकर फर्जी खाते खोले और गिरोह को संचालन में मदद की।
गिरफ्तार अधिकारी:
-
मौलिक कामानी: पर्सनल मैनेजर, यस बैंक (पाधाधरी शाखा)।
-
कल्पेश डांगरिया: मैनेजर, एक्सिस बैंक (जामनगर शाखा)।
-
अनुराग बाल्धा: पर्सनल बैंकर, एचडीएफसी (HDFC) बैंक।
कैसे काम करता था यह नेटवर्क? (Modus Operandi)
जांच में सामने आया है कि यह कोई साधारण धोखाधड़ी नहीं थी, बल्कि एक सुनियोजित ‘हवाला और साइबर नेक्सस’ था: फर्जी खाते (Shell Accounts): बैंक अधिकारियों ने जानबूझकर केवाईसी (KYC) नियमों की अनदेखी की और फर्जी दस्तावेजों के आधार पर संदिग्ध खाते खोले। बैंक के इंटरनल अलर्ट सिस्टम को ठप या बायपास किया गया ताकि करोड़ों के लेन-देन पर मुख्यालय को कोई भनक न लगे।: अधिकारियों ने इन खातों से भारी मात्रा में नकद निकासी में मदद की, जिसे बाद में हवाला चैनलों के जरिए देश के विभिन्न हिस्सों में भेजा गया।
आंकड़ों में महाघोटाला
पुलिस की अब तक की कार्रवाई में इस स्कैम की भयावहता सामने आई है:
-
कुल लेन-देन: लगभग ₹2500 करोड़।
-
कुल गिरफ्तारियां: अब तक 20 लोग (बैंक अधिकारियों सहित) सलाखों के पीछे।
-
पहचाने गए खाते: 85 बैंक खातों को फ्रीज/चिह्नित किया गया है।
-
दर्ज शिकायतें: साइबर क्राइम पोर्टल पर इस गिरोह से संबंधित 535 शिकायतें दर्ज हैं।
पुलिस की चेतावनी और अगली कार्रवाई
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस घोटाले का पैसा कहीं विदेशी खातों या आतंकी गतिविधियों में तो इस्तेमाल नहीं हुआ। सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। यह मामला बैंकिंग जगत के लिए एक बड़ा सबक है कि कैसे आंतरिक मिलीभगत किसी भी देश की वित्तीय सुरक्षा को खतरे में डाल सकती है।
SEO Tags और Permalink
Permalink: https://www.liveworldnews.in/rajkot-cyber-fraud-2500-crore-scam-bank-managers-arrested-gujarat-police
SEO Tags:
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







