आईपीएल 2026 में Vaibhav Suryavanshi लगातार अपने बल्ले से धमाल मचा रहे हैं। Rajasthan Royals के युवा बल्लेबाज ने इस सीजन में शानदार प्रदर्शन करते हुए 15 मैचों में 680 रन बनाए हैं और फिलहाल ऑरेंज कैप की रेस में सबसे आगे चल रहे हैं। उनकी विस्फोटक बल्लेबाजी ने न सिर्फ क्रिकेट फैंस बल्कि कई दिग्गज खिलाड़ियों को भी प्रभावित किया है। हालांकि, बेहतरीन फॉर्म में होने के बावजूद वह दो बार शतक से चूक गए, लेकिन वैभव का कहना है कि उनके लिए टीम की जीत व्यक्तिगत रिकॉर्ड से ज्यादा मायने रखती है।
‘टीम जीते तभी रन की कीमत’
वैभव सूर्यवंशी ने जियोस्टार से बातचीत में बताया कि बचपन से उनके पिता ने उन्हें टीम के लिए खेलने की सीख दी है। उन्होंने कहा, “मेरे पापा हमेशा कहते हैं कि अगर तुम शतक, दोहरा शतक या तिहरा शतक भी बना लो, लेकिन टीम नहीं जीतती तो उन रनों की कोई कीमत नहीं है। वह सिर्फ व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनकर रह जाते हैं।” उन्होंने आगे कहा कि क्रिकेट आखिरकार एक टीम गेम है और अगर उनके 80 रन टीम को जीत दिलाते हैं तो वह किसी शतक से ज्यादा महत्वपूर्ण हैं।
शतक से ज्यादा जरूरी टीम की जीत
युवा बल्लेबाज ने कहा, “अगर मैं शतक बनाऊं और टीम हार जाए, तो उस शतक का कोई मतलब नहीं है। लेकिन अगर मैं 80 रन बनाकर टीम को जीत दिलाता हूं, तो वह मेरे लिए ज्यादा अहम है।” वैभव का मानना है कि टीम जितनी देर टूर्नामेंट में बनी रहेगी, उन्हें उतने ज्यादा मौके मिलेंगे बड़े रिकॉर्ड बनाने के। उन्होंने कहा कि प्लेऑफ और फाइनल तक पहुंचना टीम और व्यक्तिगत दोनों स्तर पर फायदेमंद होता है।
एलिमिनेटर में दिखा निस्वार्थ रवैया
Indian Premier League 2026 के एलिमिनेटर मुकाबले में Sunrisers Hyderabad के खिलाफ वैभव सूर्यवंशी ने सिर्फ 29 गेंदों में 97 रन की विस्फोटक पारी खेली थी। इस दौरान वह आईपीएल इतिहास का सबसे तेज शतक लगाने के करीब पहुंच गए थे। उन्हें रिकॉर्ड तोड़ने के लिए सिर्फ एक बाउंड्री की जरूरत थी, लेकिन उन्होंने सुरक्षित खेलकर सिंगल लेने के बजाय आक्रामक शॉट खेलने का फैसला किया। प्रफुल्ल हिंगे की गेंद पर अपर कट लगाने की कोशिश में वह डीप थर्ड मैन पर कैच आउट हो गए और शतक से चूक गए।
लगातार रिकॉर्ड तोड़ रहे वैभव
वैभव सूर्यवंशी इस सीजन में कई रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी की तुलना कई दिग्गज खिलाड़ियों से की जा रही है। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि इतनी कम उम्र में जिस तरह का आत्मविश्वास और मैच विनिंग एटीट्यूड उन्होंने दिखाया है, वह भारतीय क्रिकेट के भविष्य के लिए बेहद सकारात्मक संकेत हैं।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।








