जयपुर: राजस्थान की राजधानी में मंगलवार रात सियासी पारा उस वक्त चढ़ गया, जब भाजपा के ‘मशाल जुलूस’ में विरोध के सुरों से ज्यादा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ के गुस्से की गूंज सुनाई दी। कांग्रेस के खिलाफ आयोजित इस प्रदर्शन में अनुशासन की धज्जियां उड़ते देख मदन राठौड़ इस कदर नाराज हुए कि उन्होंने बीच में ही कार्यक्रम छोड़ दिया और हाथ जोड़कर अपनी गाड़ी में बैठकर रवाना हो गए।
सेल्फी का शौक और सुरक्षा में चूक: क्यों फूटा गुस्सा?
अमर जवान ज्योति पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य कांग्रेस के खिलाफ मोर्चा खोलना था, लेकिन अव्यवस्था ने पूरे आयोजन की हवा निकाल दी। राठौड़ के गुस्से के पीछे तीन मुख्य कारण रहे: खतरनाक लापरवाही: जलती हुई मशालें हाथ में होने के बावजूद कई महिला नेत्री और कार्यकर्ता सुरक्षा की परवाह किए बिना एक-दूसरे के बेहद करीब आकर सेल्फी खिंचवाने में व्यस्त थीं। अनसुनी नसीहत: मदन राठौड़ मंच से बार-बार कार्यकर्ताओं को दूरी बनाए रखने और व्यवस्थित होने की हिदायत दे रहे थे। जब उनकी बातों को अनसुना किया गया, तो उन्होंने इसे सीधे तौर पर अनुशासनहीनता माना। भीड़ का अभाव: कार्यक्रम में आम महिला कार्यकर्ताओं की तुलना में पद के दावेदार नेताओं की संख्या अधिक नजर आई, जिससे संगठन की जमीनी पकड़ पर भी सवाल उठे।
“हाथ जोड़े और चलते बने”: वीडियो हुआ वायरल
मीडिया के कैमरों के सामने जब मदन राठौड़ का सब्र का बांध टूटा, तो उन्होंने कड़े शब्दों में महिला मोर्चा की पदाधिकारियों को फटकार लगाई। अव्यवस्था से आज़ाद होने के लिए उन्होंने अंत में ‘राम-राम’ किया और वहां से चलते बने। उनके जाने के बाद कार्यक्रम स्थल पर सन्नाटा पसर गया और कई महिला नेत्रियों के चेहरे उतर गए। अब इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
राजनीतिक गलियारों में चर्चा: क्या गिरेगी गाज?
भाजपा अपनी ‘अनुशासन प्रिय’ छवि के लिए जानी जाती है, लेकिन जयपुर की इस घटना ने आंतरिक खींचतान को उजागर कर दिया है। सूत्रों का कहना है कि मदन राठौड़ इस लापरवाही को लेकर महिला मोर्चा की प्रदेश इकाई से जवाब मांग सकते हैं। विपक्षी दल कांग्रेस ने इस मौके को लपकते हुए भाजपा की आंतरिक कलह पर चुटकी लेना शुरू कर दिया है। भाजपा के रणनीतिकार अब इस ‘पॉलिटिकल डैमेज’ को कंट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन कैमरों में कैद हुई यह नाराजगी पार्टी के भीतर नए समीकरणों की ओर इशारा कर रही है।
Author: manoj Gurjar
मनोज गुर्जर पिछले 5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं और खेल, राजनीति और तकनीक जैसे विषयों पर विशेष रूप से लेखन करते आ रहे हैं। इन्होंने देश-दुनिया की बड़ी घटनाओं को गहराई से कवर किया है और पाठकों तक तथ्यात्मक, त्वरित और विश्वसनीय जानकारी पहुँचाने का काम किया है।







